जमीनी विवाद में भाइयों के बीच खूनी संघर्ष


जमीनी विवाद में भाइयों के बीच खूनी संघर्ष

जमीनी विवाद में भाइयों के बीच खूनी संघर्ष, आधा दर्जन से अधिक लोग घायल

सिकंदरपुर (बलिया)।
जिले के सिकंदरपुर थाना क्षेत्र में बुधवार को पारिवारिक जमीनी विवाद ने उस समय विकराल रूप ले लिया जब दो पक्ष आपस में भिड़ गए। मामूली कहासुनी लाठी-डंडों और मारपीट में बदल गई, जिसमें दोनों पक्षों के करीब सात लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों के शरीर खून से लथपथ हो गए और इलाके में अफरा-तफरी मच गई।

विवाद ने लिया हिंसक मोड़






प्राप्त जानकारी के अनुसार यह विवाद एक ही परिवार के सदस्यों के बीच पुरानी जमीन के बंटवारे को लेकर था। बताया जा रहा है कि इस जमीन को लेकर दोनों पक्षों के बीच काफी समय से विवाद चला आ रहा था। पहले भी कई बार बहसबाजी हो चुकी थी, लेकिन बुधवार को स्थिति इस कदर बिगड़ गई कि दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर लाठी-डंडों से हमला कर दिया।

ये लोग हुए घायल

मारपीट की इस घटना में 50 वर्षीय विनोद सैनी पुत्र स्व. प्रकाश, 40 वर्षीय विरेंद्र सैनी पुत्र विनोद, 28 वर्षीय सुरेश सैनी पुत्र विनोद, 25 वर्षीय बबिता पत्नी सुरेश माली, 35 वर्षीय सुरेश पुत्र स्व. प्रकाश, 30 वर्षीय बब्लू पुत्र विनोद और 22 वर्षीय अजय पुत्र विनोद घायल हो गए। सभी को पहले स्थानीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, सिकंदरपुर में भर्ती कराया गया, जहां से गंभीर रूप से घायल लोगों को बलिया जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया।

मौके पर पहुंची पुलिस, शुरू हुई जांच

घटना की सूचना मिलते ही सिकंदरपुर थाने की पुलिस टीम मौके पर पहुंच गई और स्थिति को नियंत्रण में लिया। पुलिस ने दोनों पक्षों से तहरीर लेकर मुकदमा दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। घटनास्थल पर तनाव को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की गई है ताकि कोई अप्रिय घटना न हो।

प्रशासन ने दिया सख्त कार्रवाई का भरोसा

स्थानीय प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तहकीकात शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि दोषियों के खिलाफ साक्ष्यों के आधार पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। साथ ही, ग्रामीणों से भी अपील की गई है कि वे कानून व्यवस्था बनाए रखें और किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें।

पारिवारिक विवाद बना सामाजिक चिंता

घटना के बाद गांव में दहशत का माहौल है। स्थानीय लोगों का कहना है कि जमीनी विवाद के चलते परिवारों में इस तरह की हिंसा समाज के लिए चिंताजनक है। लोगों ने प्रशासन से जल्द से जल्द निष्पक्ष जांच कर दोषियों को सजा देने की मांग की है ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।


✍️ रिपोर्ट: [आपका नाम घनश्याम तिवारी पत्रकार

Post a Comment

0 Comments